क्या आपको भी सोते समय लगता है अचानक झटका? जानें क्यों 'गिरने' के अहसास से खुल जाती है नींद
अगर हां, तो घबराने की जरूरत नहीं है—आप अकेले नहीं हैं।
न्यूज लाइव 31 l हेल्थ डेस्क
क्या आपके साथ कभी ऐसा हुआ है कि आप बस गहरी नींद में जाने ही वाले हों और अचानक आपको महसूस हो कि आप किसी ऊंचाई से गिर रहे हैं? इस अहसास के साथ ही पूरा शरीर एक जोरदार झटके के साथ जाग जाता है। अगर हां, तो घबराने की जरूरत नहीं है—आप अकेले नहीं हैं। विज्ञान की भाषा में इस स्थिति को 'हाइपनिक जर्क' (Hypnic Jerk) कहा जाता है।
क्यों लगता है यह झटका?
विशेषज्ञों के अनुसार, यह कोई गंभीर बीमारी नहीं बल्कि शरीर की एक स्वाभाविक प्रक्रिया है। जब हम नींद की शुरुआती अवस्था में होते हैं, तो हमारा शरीर धीरे-धीरे शिथिल (Relax) होने लगता है। इस दौरान:
सांस लेने की गति धीमी हो जाती है।
हृदय की धड़कन कम होने लगती है।
मांसपेशियां पूरी तरह रिलैक्स मोड में चली जाती हैं।
मस्तिष्क की 'गलतफहमी': कभी-कभी जब मांसपेशियां बहुत तेजी से शिथिल होती हैं, तो हमारा मस्तिष्क इसे 'असंतुलन' या 'गिरना' समझ लेता है। खुद को बचाने के प्रयास में, दिमाग मांसपेशियों को एक तीव्र इलेक्ट्रिक सिग्नल भेजता है, जिससे शरीर में झटका महसूस होता है।
इन कारणों से बढ़ सकती है समस्या
हालांकि यह सामान्य है, लेकिन कुछ आदतें इसे और अधिक बार पैदा कर सकती हैं:
अत्यधिक तनाव: मानसिक तनाव के कारण मस्तिष्क शांत नहीं हो पाता।
कैफीन का सेवन: सोने से पहले चाय या कॉफी पीने से शरीर पूरी तरह रिलैक्स नहीं हो पाता।
थकान और अधूरी नींद: नींद का अनियमित चक्र इस समस्या को बढ़ावा देता है।
शारीरिक थकावट: दिन भर की भारी मेहनत के बाद मांसपेशियां तेजी से शिथिल होती हैं।
डॉक्टरों की सलाह: "सामान्यतः हाइपनिक जर्क हानिकारक नहीं होते। लेकिन यदि ये झटके इतनी बार आएं कि आपकी नींद पूरी न हो पाए या आप अत्यधिक घबराहट महसूस करें, तो डॉक्टर से परामर्श लेना उचित रहता है।"
बचाव के आसान उपाय
सोने का एक निश्चित समय तय करें।
सोने से कम से कम 4-6 घंटे पहले कैफीन (चाय/कॉफी) से परहेज करें।
तनाव कम करने के लिए सोने से पहले गहरी सांस लेने वाले व्यायाम या ध्यान का सहारा लें।