महंगाई का बड़ा झटका: रसोई गैस सिलेंडर फिर हुआ महंगा, उत्तर प्रदेश में नई कीमतें लागू
राज्य की राजधानी लखनऊ में 14.2 किलोग्राम वाले घरेलू सिलेंडर की कीमत अब ₹979.50 हो गई है। वहीं, राज्य के अन्य हिस्सों में कीमतों में बदलाव के बाद यह ₹939.50 से लेकर ₹979.50 के दायरे में पहुंच गई हैं।
लखनऊ | देश के आम उपभोक्ताओं को महंगाई का एक और बड़ा झटका लगा है। सरकारी तेल कंपनियों ने घरेलू एलपीजी (LPG) गैस सिलेंडर की कीमतों में ₹29 प्रति सिलेंडर की बढ़ोतरी कर दी है। नई दरें आज, 7 जून 2026 से पूरे देश में प्रभावी हो गई हैं।
उत्तर प्रदेश में नई कीमतें
इस बढ़ोतरी के बाद उत्तर प्रदेश के विभिन्न शहरों में गैस सिलेंडर की कीमतों में इजाफा हुआ है। राज्य की राजधानी लखनऊ में 14.2 किलोग्राम वाले घरेलू सिलेंडर की कीमत अब ₹979.50 हो गई है। वहीं, राज्य के अन्य हिस्सों में कीमतों में बदलाव के बाद यह ₹939.50 से लेकर ₹979.50 के दायरे में पहुंच गई हैं। नोएडा जैसे शहरों में यह कीमत ₹939.50 दर्ज की गई है।
तीन महीने में दूसरी बार बढ़ीं कीमतें
यह पिछले तीन महीनों में घरेलू एलपीजी सिलेंडर की दूसरी बड़ी बढ़ोतरी है। इससे पहले मार्च महीने में भी कीमतों में इजाफा किया गया था। विशेषज्ञों का मानना है कि अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में उतार-चढ़ाव और पश्चिम एशिया (West Asia) में जारी तनाव के कारण आपूर्ति श्रृंखला पर पड़े दबाव की वजह से यह कदम उठाया गया है।
आम बजट पर असर
गैस सिलेंडर के दाम बढ़ने से मध्यम और निम्न आय वर्ग के परिवारों पर सीधा असर पड़ेगा। यदि एक औसत परिवार महीने में एक सिलेंडर का उपयोग करता है, तो उन्हें अब सालाना बजट में करीब ₹348 का अतिरिक्त खर्च उठाना पड़ेगा। गृहिणियों का कहना है कि पहले से ही महंगाई की मार झेल रहे आम लोगों के लिए रसोई गैस की बढ़ती कीमतें बजट को पूरी तरह से बिगाड़ रही हैं।
सरकार का क्या है कहना?
सूत्रों के अनुसार, सरकार का कहना है कि वैश्विक स्तर पर ऊर्जा संकट के बावजूद भारत में एलपीजी की कीमतें अभी भी अंतरराष्ट्रीय बेंचमार्क के मुकाबले काफी कम हैं। सरकार का दावा है कि तेल कंपनियां अभी भी हर सिलेंडर पर भारी सब्सिडी का बोझ उठा रही हैं, जिसके चलते समय-समय पर कीमतों में संशोधन आवश्यक हो जाता है।
महत्वपूर्ण जानकारी:
नई बढ़ोतरी: ₹29 प्रति सिलेंडर
प्रभावी तिथि: 7 जून 2026
उपभोक्ताओं को सलाह: सरकार ने आम जनता से ऊर्जा संरक्षण पर जोर देने और गैस की बर्बादी को रोकने की अपील की है। साथ ही, किसी भी तरह की अफवाहों पर ध्यान न देने को कहा गया है।